आष्टा विकासखंड में शिक्षा गुणवत्ता सुधार को लेकर मंथन, एफएलएन बैठक में बनी नई कार्ययोजना
स्कूलों को आकर्षक बनाने से लेकर बच्चों को मुख्यधारा से जोड़ने तक पर हुई चर्चा
आष्टा की आवाज़ / नवीन शर्मा
आष्टा - बुनियादी साक्षरता एवं संख्यात्मक ज्ञान (FLN) कार्यक्रम को मजबूत बनाने एवं आगामी शैक्षणिक सत्र की तैयारियों को लेकर मंगलवार को आष्टा विकासखंड में ब्लॉक स्तरीय समीक्षा बैठक (BPMU) का आयोजन किया गया। विकासखंड स्रोत समन्वयक (BRC) अजब सिंह राजपूत की अध्यक्षता में आयोजित इस महत्वपूर्ण बैठक में शिक्षा की गुणवत्ता सुधार, पुस्तक वितरण, नामांकन वृद्धि तथा विद्यालयों की व्यवस्थाओं को लेकर विस्तृत चर्चा की गई।
बैठक का संचालन मिशन अंकुर टीम के जिला प्रभारी सुमन स्वर्णकर द्वारा किया गया। बैठक में विकासखंड के सभी 14 जनशिक्षा केंद्रों से 24 जनशिक्षक एवं 5 ब्लॉक अकादमिक समन्वयक (BAC) उपस्थित रहे। अधिकारियों ने एफएलएन गतिविधियों की वर्तमान स्थिति की समीक्षा करते हुए आगामी कार्ययोजना तैयार की।
पुस्तक वितरण की धीमी गति पर जताई चिंता
बैठक में BAC पुस्तक प्रभारी श्री मनोहर विश्वकर्मा ने जानकारी देते हुए बताया कि वर्तमान में आष्टा ब्लॉक में पुस्तक वितरण का कार्य केवल 34.9 प्रतिशत तथा FLN वर्कबुक वितरण एवं ऑनलाइन एंट्री मात्र 15.4 प्रतिशत तक ही पहुंच पाई है। इस पर गंभीर चिंता व्यक्त करते हुए BRC अजब सिंह राजपूत ने सभी जनशिक्षकों को जून के प्रथम सप्ताह तक शत-प्रतिशत पुस्तक वितरण एवं ऑनलाइन एंट्री पूर्ण करने के सख्त निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि किसी भी विद्यालय में पुस्तक की कमी नहीं रहनी चाहिए। इसके लिए जनशिक्षा केंद्र स्तर पर सामग्री का समायोजन कर व्यवस्थित रूप से वितरण सुनिश्चित किया जाए, ताकि नए शैक्षणिक सत्र की शुरुआत से ही बच्चों को किताबें उपलब्ध हो सकें।
पहली कक्षा में अधिक से अधिक नामांकन का लक्ष्य
बैठक में नए शिक्षा सत्र में कक्षा पहली में अधिकतम नामांकन सुनिश्चित करने पर विशेष फोकस किया गया। BRC राजपूत ने निर्देश दिए कि शाला त्यागी एवं अनियमित बच्चों का सर्वे कर उन्हें पुनः शिक्षा की मुख्यधारा से जोड़ा जाए। उन्होंने कहा कि जनशिक्षक एवं शिक्षक अभिभावकों से नियमित संपर्क बनाए रखें और उन्हें गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के महत्व के प्रति जागरूक करें।
गर्मी की छुट्टियों में भी जारी रहेगी सीखने की प्रक्रिया
बैठक में डाइट सीहोर द्वारा बच्चों एवं अभिभावकों के लिए भेजी जा रही डिजिटल पठन-पाठन सामग्री पर भी चर्चा की गई। अधिकारियों ने निर्देश दिए कि इस सामग्री को अभिभावक समूहों में नियमित रूप से साझा किया जाए तथा बच्चों की प्रगति का फीडबैक लिया जाए, ताकि ग्रीष्मावकाश के दौरान भी बच्चों की पढ़ाई प्रभावित न हो और सीखने की निरंतरता बनी रहे।
स्कूलों को आकर्षक और बच्चों के अनुकूल बनाने की तैयारी
आगामी शैक्षणिक सत्र को ध्यान में रखते हुए विद्यालयों को अधिक आकर्षक एवं व्यवस्थित बनाने पर भी जोर दिया गया। संकुल स्तर पर नियमित समीक्षा बैठकें आयोजित करने का निर्णय लिया गया, जिसमें विद्यालय प्रभारियों को स्कूलों की साफ-सफाई, बच्चों के बैठने की समुचित व्यवस्था, रीडिंग कॉर्नर एवं गणित कॉर्नर विकसित करने के निर्देश दिए जाएंगे।
बैठक के समापन पर BRC अजब सिंह राजपूत ने सभी अधिकारियों एवं जनशिक्षकों से नई ऊर्जा और बेहतर समन्वय के साथ कार्य करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि सामूहिक प्रयासों से आष्टा विकासखंड को जिले में एक उत्कृष्ट शैक्षणिक मॉडल के रूप में स्थापित किया जा सकता है।
बैठक में सह समन्वयक अनिल कुमार श्रीवास्तव, बीएसी श्री देवजी मेवाड़ा, मनोहर लाल विश्वकर्मा, मनोज कुमार विश्वकर्मा, फूलचंद्र सांकले, श्रीमती शालिनी सरासिया सहित समस्त जनशिक्षक उपस्थित रहे।


